नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष डॉ. फारूक अब्दुल्ला ने पंजाब में हुए हालिया धमाकों पर बुधवार को पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि भारत में इस तरह की घटनाएं कोई नई बात नहीं हैं। उन्होंने कहा, “देश में ऐसे धमाके होते रहते हैं, इसमें कोई नई बात नहीं है।” उनका यह बयान सामने आते ही चारों तरफ चर्चा का विषय बन गया।
फारूक अब्दुल्ला का यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। कुछ लोग इसे हल्के में लिया गया बयान मान रहे हैं तो कुछ इसे एक सामान्य टिप्पणी बता रहे हैं। इंटरनेट पर इस मुद्दे को लेकर बहस जारी है, जिससे यह मामला और अधिक सुर्खियों में आ गया है।
दरअसल, मंगलवार की रात पंजाब के दो शहरों में धमाकों की खबर आई थी। पहली घटना जालंधर की है, जहां रात करीब 8 बजे बीएसएफ के पंजाब फ्रंटियर मुख्यालय के बाहर एक स्कूटर में आग लग गई। इसके कुछ देर बाद दूसरा धमाका अमृतसर के छावनी इलाके के निकट खासा में रात करीब 10:50 बजे हुआ। इन दोनों घटनाओं ने लोगों को स्तब्ध कर दिया।
हालांकि, राहत की बात यह है कि इन धमाकों में कोई भी घायल नहीं हुआ। लेकिन लगातार दो घटनाओं ने इलाके में भय का माहौल जरूर पैदा कर दिया। लोग सतर्क हो गए हैं और आसपास की गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं। नुकसान कम होने के बावजूद इन घटनाओं का मनोवैज्ञानिक असर लोगों पर साफ दिख रहा है।
इन घटनाओं के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां तत्काल सक्रिय हो गईं। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और रिपोर्ट्स के अनुसार एनआईए की टीम भी मौके पर पहुंची है। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इन धमाकों की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि इन घटनाओं को हल्के में नहीं लिया जाएगा और पूरी जांच की जा रही है। साथ ही उन्होंने इशारा किया कि इन धमाकों के पीछे किसी राजनीतिक मकसद की भी संभावना हो सकती है।





